चंग़ेज खान से जुडी 21 रहस्मयी बातें जरूर पढ़ें

आज से 800 साल पहले दुनिया ने एक ऐसा शक्श देखा था। जो शायद उस युग के लिए अभिश्राप था। उस समय जब रात को बच्चा रोता था। तो माँ कहती थी बेटा सोजा नही तो Genghis Khan आ जाएगा। इस आदमी ने न सिर्फ लोगों को, न सिर्फ शहरों को, बल्कि पूरे के पूरे देश को मिटा दिया। तो आप चंगेज़ खान के बारे में ऐसे बातों को जानोगे जो आपके होश उड़ा देंगे।
GENGHIS KHAN FACTS


1. तो हम शुरुआत करते है, चंगेज़ खान द्वारा किये गए कत्लेआम से, इतिहासकार कहते है, की इतना भयंकर नरसंहार शायद की भी बादशाह और तानाशाह द्वारा नही किया गया। आंकड़े बताते है कि चंगेज़ खान ने 40 मिलियन यानी 40 लाख लोगों को मौत के घाट उतार दिया। और कुछ सूत्र तो इससे भी ज्यादा संख्या में मौत को बताते हैं। 13वी सदी में एक इरानियन इतिहासकार थे। जिनका नाम Rashid AL Din था। उन्होंने लिखा है कि चंगेज़ खान ने इतना भयंकर नरसंहार मचाया था। की ईरान की जनसंख्या 25 लाख से 2.5 लाख हो गयी थी। आपको जानकर हैरानी होगी की चंगेज़ खान के आक्रमण से पहले ईरान की जो जनसंख्या थी, उस जनसंख्या तक फिर से पहुंचने के लिए ईरान को 5 सदियां लग गयी थी।


2. चंगेज़ खान की बेटी की शादी Toquchar नाम से एक शक्श से हुई थी। जो चंगेज़ खान के बेहद करीब था। ईरान के निशापुर (Persia) के एक तीरंदाज़ ने उसकी हत्या कर दी थी। इसका बदला लेने के लिए चंगेज़ खान ने निशापुर की सम्पूर्ण जनसंख्या को पूर्ण खत्म कर दिया था। इंसानों की तो बात ही चोर दीजिये उसने निशापुर में एक भी जीवन बचने नही दिया। वहाँ के कुत्ते बिल्लियों को भी खत्म कर दिया। उसने एक पिरामिड पर लोगों के खोपड़ी का ढेर लगा दिया था। ताकि भविष्य में कोई भी चंगेज खान के परिवार पर आक्रमण करने का सोच भी ना सके।


3. Carnegie Institution For Science (washington) चंगेज़ खान द्वारा किये गए कत्लेआम के कारण वातावरण से करीब 700 मिलियन टन Carbon Dioxide का सफाया हो गया था। उसने हज़ारो गांव, शहर और कस्बों को तबाह कर दिया था। मतलब जहाँ पहले बस्तियां होतो थी, लोग रहते थे। वहीं अब भारी मात्रा में जंगल और वनस्पतियाँ पैदा हो गयी थी। इस तरह चंगेज़ खान के नरसंहार ने अनजाने में ही उसको एक बहुत बड़ा Environmentalist बना दिया।


4. इतिहास का सबसे बड़ा Barbarian होने के बावजूद भी चंगेज खान के मामलों में प्रगतिशील विश्वास रखता था। आपको ये बात जानकर हैरानी होगी कि उसमें धार्मिक कट्टरता बिल्कुल भी नही थी। वो इस बात को बिल्कुल अच्छे से समझता था, की उसके अपने लोग जितने खुश रहेंगे, उतना उनमे आपसी विद्रोह की संभावना कम रहेगी। इसीलिए उसने सभी को पूरी तरह धार्मिक आजादी दे रखी थी। यही कारण है कि वो अपने मंसूबों में इतना सफल रहा था।


5. दुनिया के बड़े बड़े बादशाह और राजा महाराजा चाहते थे, की उनके मरने के बाद भी उन्हें लोग सदियों तक याद रखे। इसीलिए वो अपनी यादों को कायम राखमे के लिए मकबरे और स्मारक बनवाने के लिए वसीयत छोर जाते थे। लेकिन चंगेज़ खान के साथ ऐसा नही है, वो नही चाहता था कि उसके मरने के बाद दुनिया उसे याद रखे। उसने जीते जी किसी भी चित्रकार को अपनी तस्वीर बनाने नही दी, किसी मूर्तिकार को अपनी मूर्ति बनाने नही दी। और न ही किसी सिक्के में अपना चेहरा उपयोग में दिया। चंगेज़ खान की पहली तस्वीर उनके मरने के बाद बनाई गयी थी।


6. चंगेज़ खान नही चाहता था कि उसके मरने के बाद उसका कोई निशान बाकी रहे। हैरानी की बात है, उसने अपने लिए एक अजीब वसीयतनामा लिखा। उसने अपने साथियों को ये हुक्म दिया, कि उसके मरने के बाद उसे ऐसी गुमनाम जगह पर दफनाया जाए। जहाँ से उसकी कब्र को ढूंढ पाना असंभव हो। और ऐसा ही किया भी गया, आज चंगेज़ खान को मरे हुए 8 सदियां बीत चुकी है। सालों से इतिहासकार उसकी कब्र का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन तमाम कोशिशें नाकाम रही हैं। चंगेज़ खान के कब्र के बारे में कई रहस्य और कहानियां जुड़ी हुई है। जिन्हें में इस पोस्ट में कवर नही कर पाउँगा। अगर अगर चाहते है मैं इस टॉपिक पर भी एक आर्टिकल लिखूं तो मुझे कमेंट बॉक्स में जरूर बताएं।
GENGHIS KHAN FACTS


7. चंगेज़ खान अपने साम्राज्य में 3 साल के बच्चों को भी तीरंदाजी और घुड़सवारी का प्रशिक्षण देना शुरू कर देता था। जब यूरोपियन्स ने ये देख था। तो उन्होंने लिखा कि मंगोलो की तो लड़कियां भी ज्यादातर पुरुषों से बेहतरीन घुड़सवारी कर सकती हैं। 


8. मंगोलों के इतिहास में मृत्युदंड देने का एक अजीब तरीका था। जिसे चेंगेज़ खान ने भी अपनाया था। वो तरीका था Measuring Against The Linchpin इसमें ऐसा किया जाता था, कि लंबे पहियों वाली एक गाड़ी होती थी, और जितने वाला बादशाह हारने वाले दुश्मन देश के नागरिकों को ये हुक्म देता था, की वो सभी एक के बाद एक उस पहिये के पास आकर खड़े हो जाएं। और जिस भी व्यक्ति की हाइट उस लंबे Excel Pin से लंबी होती थी। उसका सिर काट दिया जाता था। आमतौर पर उस दौरान गाड़ियों के पहियों के Excel Pin की लंबाई 3 फ़ीट होती थी। मतलब 3 फ़ीट से लंबे किसी भी व्यक्ति की जान नही बक्शी जाएगी। सन 1202 में जब चंगेज़ खान के प्रतिद्वंद्वी Jamukha के साथ लड़ाई हुई थी। तो उसने उसके कबीले के खिलाफ इस तरह का इस्तेमाल किया था। उसने 3 फ़ीट से लंबे हर इंसान का कत्ल कर दिया था। सिर्फ बच्चों को छोड़ा गया था।


9. आज हम जब कभी चंगेज खान का नाम हम सुनते हैं। तो सबसे पहले एक निर्दयी हत्यारे की छवि हमारे जेहेन में बनती है। जिसने असंख्य लोगों को मौत के घाट उतार दिया। लेकिन इसके बावजूद मंगोलिया में उसको काफी ऊंचे मुकाम हासिल है। मंगोलिया में चंगेज़ खान का मुकाम सिर्फ एक ऐतिहासिक शक्श का नही है। बल्कि वहाँ उसे Father of Mongolia माना जाता है। यहाँ तक कि Northern China में उसका Temple भी है। जहाँ उसकी पितरों की तरह पूजा भी की जाती है।


10. आज चंगेज़ खान मंगोलिया में एक राष्ट्रीय हीरो की तरह देखे जाते है। लेकिन बीसवी सदी में Soviet Rule के दौरान चंगेज़ खान का नाम लेना भी Ban था। Soviet Union ने चंगेज़ खान की यादें लोगों के जेहेन से पूरी तरह मिटाने के लिए स्कूली किताबों से उसका नाम पूरी तरह हटवा दिया। उन्होंने मंगोलिया में चेंगेज़ खान की जन्म स्थान की यात्रा पर रोक लगा दी। 90s में मंगोलियन क्रांति के दौरान चंगेज़ खान का नाम मंगोलिया में फिर से कायम हो गया। चंगेज़ खान मंगोलिया के कला और संस्कृति में वापिस आ गए। यहाँ तक कि मंगोलियन करेंसी में भी चंगेज़ खान का ही चित्र नज़र आता है।


11. चंगेज़ खान के नाम मे खान होने के कारण बहुत लोगों को ये लगता है कि वो मुसलमान था। पर ऐसा नही है, वो किस धर्म को मानता था, इसपर हम बाद में चर्चा करेंगे, पहले उसके नाम के बारे में जान लेते हैं। Genghis Khan का असली नाम Temujin था। तेमुजिन मंगोलियन भाषा का एक शब्द है, जिसका मतलब Blacksmith होता है। चंगेज़ खान नाम उनको बाद में मिला। चंगेज़ खान नाम कहाँ से निकला है, उसको लेकर इतिहासकार अभी भी अनिश्चित है। एक Theory कहती है कि मंगोलियन भाषा के शब्द Chinggis से Genghis Khan नाम निकला है। जिसका मतलब Universal Leader होता है। लेकिन चंगेज़ खान की ये स्पेलिंग गेन्घिस खान ( Genghis Khan ) कहाँ से आई, इस बारे में जानकारी नही मिलती। खान शब्द मंगोलियन भाषा मे एक Traditional Title होता था। इसका मतलब Ruler होता है, और ये Title मंगोलियन Tribes के लोग अपने लीडर को देते थे। तो चंगेज़ खान का मतलब है Universal Ruler.


12. 13वी सदी से पहले North और West China में बहुत से Nomadic Groves थे। जिन्होंने धीरे धीरे बसे हुए क्षेत्रो में आना शुरू कर दिया। मंगोल्स भी इन्ही में से एक थे। जो छोटे छोटे कबीलों में बाटे हुए थे। Temujin भी इन्ही में से एक था। जिसने 1206 में इन सभी छोटे-छोटे कबीलों को एक किया। और वो उनका लीडर बन गया। मंगोलों का लीडर बनने के बाद ही उसने चंगेज़ खान टाइटल Adopt किया था।


13. अब बात करते हैं, चंगेज़ खान का धर्म क्या था। चंगेज़ खान Tengrism धर्म को मानता था। टेंगरिसम एक पुराना Central Asian धर्म था। और इसको मानने वाले आज सेंट्रल एशिया के कई देशों में रहते हैं। ये मंगोल और तुर्क लोगों का मुख्य धर्म था। इस धर्म मे Monothiasm, Ojhapratha, Totampratha, और पूर्वजों की पूजा जैसी कई चीजें शामिल थी।


14. चंगेज़ खान की शुरुआती जिंदगी के बारे में बहुत कम जानकारी मिलती है, क्योंकि ऐसे बहुत कम Return Records मौजूद हैं। जो उसके समय मे उसके बारे में लिखे गए थे। कुछ सूत्र जो चंगेज़ खान के समय के बारे में जानकारी देते हैं, उनमे मतभेद है। चंगेज़ खान के बचपन के बारे में हम जो कुछ भी जानते हैं, तो वो सिर्फ एक इस बुक The Secret History of Mongols की वजह से जानते है। ये किताब चंगेज़ खान की मृत्यु के कुछ समय बाद लिखी गयी थी। और ये बुक मंगोलियन भाषा का सबसे साहित्यिक कार्य है, जो आजतक हमारे पास बचा हुआ है। इस बुक को लिखने वाले का कोई अता-पता नही है, ये किताब मंगोल रॉयल फैमिली के बारे में लिखी गयी थी। सदियों तक ये किताब लुप्त रही, फिर 19वी सदी में अचानक इसकी एक Chinese Copy पाई गई, और इसके बाद ही हमारे पास चंगेज़ खान को लेकर इतनी जानकारी उपलब्ध है।


15. The Secret History of Mangols में लिखा है, की चंगेज़ खान अपने हाथ मे Blood Clot लिए हुए पैदा हुआ था। ये एक Traditional Sign है, कि बच्चा बड़ा होकर एक Great Leader बनेगा।


16. चंगेज़ खान का सौतेला भी जिसका नाम Becter था। बचपन में Temujin को बहुत तंग करता था। वो तेमुजिन का खाना उससे छीन लेता था। तेमुजिन अपने भाई की इन हरकतों को सहते हुए बड़ा हुआ था। आखिरकार उसने तांग आकर अपने भाई की हत्या कर दी, उस वक़्त तेमुजिन केवल 14 साल का था।


17. चंगेज़ खान मानता था कि एक आदमी की Strength का पता इस बात से चलता है, की वो अपने पीछे कितने बच्चे छोर कर गया है। कहा जाता है कि उसकी 500 के करीब बीवियां थी। एक अध्ययन से ये पता चला है, की एशिया में रह रहे 8 प्रतिशत लोग लगभग Identical By Chromosome Carry करते हैं। जो शायद चंगेज़ खान से शुरू होता है, इस हिसाब से ये अंदाजा लगाया गया है, की आज दुनिया मे चंगेज़ खान के 16 मिलियन वंशज मौजूद है। मतलब हर 200 में से एक आदमी चंगेज़ खान का वंशज है।


18. सन 2001 में मंगोलिया की राजधानी से 880 किलोमीटर दूर एक किले को खोजा गया था, ये बताया गया कि ये किला चंगेज़ खान से जुड़ा हुआ है।


19. आमतौर पर माना जाता है, कि चंगेज़ खान ने सिर्फ तलवार के जोर पर अपनी सल्तनत को इतना विशाल बनाया, लेकिन ये पूरा सच नही है, वो इंसान इससे बहुत ज्यादा चालाक था। वो दूसरे साम्राज्यों को जीतने के लिए अपनी बेटियों को मजबूर करता था, कि वे उन साम्राज्यों के राजाओं से शादी करें। और इसके बाद जब राजा मर जाएगा। तो राजा की पत्नी यानी चंगेज़ खान की पत्नी सिंघासन पर बैठेगी। लेकिन कई राजा पहले से ही शादीशुदा होते थे। तो इसके जवाब में चंगेज़ खान उस राजा की पत्नी का ही कत्ल कर देता था। और तब उस राजा को अपनी बेटी से शादी करने के लिए मजबूर करता था। इस तरह वो दूसरे राज्यों को मंगोलिया सल्तनत में शामिल कर लेता था। और सिर्फ इतना ही नही जब भी मंगोलियन आर्मी युद्ध के लिए जाता था, तो चंगेज़ खान इस बात का अच्छे से ख्याल रखता था। कि लड़ाई के दौरान ये दूसरे राजा सबसे आगे रहें, ताकि वो मरने वालों में सबसे पहले हों। और चंगेज़ खान की बेटियां। जल्द से जल्द सिंघासन पर बैठे। और इस तरह उसने पृथ्वी के एक बड़े हिस्से को जीत लिया था।
GENGHIS KHAN FACTS


20. सन 1201 में Taijoot Tribe के खिलाफ लड़ाई के दौरान एक तीर ने चंगेज़ खान के घोड़े को मार गिराया। और चंगेज़ खान बुरी तरह घायल हो गया, आखिर में जीत चंगेज़ खान की ही हुई, लेकिन बाद में चंगेज़ खान ने तैजूत ट्राइब के बन्दी बनाये गए, सभी कैदियों को बुलाया, और उसने पूछा कि उसके घोड़े को तीर मारने वाला शक्श कौन था। एक सैनिक बहादुरी से चंगेज़ खान के सामने आया, और उसने स्वीकार किया कि ये तीर उसने चलाया था, चंगेज़ खान ने उसके हुनर और बहादुरी को देखते हुए उसे अपनी आर्मी में Officer बना दिया और बाद में उसे Jebe नाम दिया। जेबे का अर्थ Arrow यानी तीर होता है।


21. अगर इतिहास के Greatest Conquerer की बात करें, तो आपको शायद Alexander the great याद आते होंगे। लेकिन अगर आकड़ों की बात करें। तो चंगेज़ खान इतिहास का सबसे बड़ा विजेता था। उसने Alexander के दोगुने क्षेत्र को भी जीत लिया था। वहीं एलेग्जेंडर की शुरुआत ही मेसीडोनिया के Prince के रूप में हुई थी। और इसके पास Well Trained और Loyal आर्मी थी। जबकि चंगेज़ खान की शुरुआत एक छोटे से गरीब काबिले से हुई थी। और उसे अपने दम पर सभी Mongol Tribes को Unite करना पड़ा था। एलेग्जेंडर को बचपन में अरस्तू जैसे महान गुरु से शिक्षा मिली थी। जबकि चंगेज़ खान के पास खुद की समझ के अलावा कोई गुरु नही था। एलेग्जेंडर की मृत्यु के बाद 1, 2 साल में ही मेसीडोनिया का पतन हो गया था। जबकि चंगेज़ खान की मृत्यु के बाद 141 साल तक मंगोलों ने शासन किया था। दरअसल Western लोगों ने चंगेज़ खान को एक Conquerer के रूप में पूरी तरह से भूला दिया है। वो उसे सिर्फ एक Barberian मानते है। जो सिर्फ लोगों को आतंकित करना जानता था। लेकिन ये भी बात तो सच ही है।


आशा करता हूँ आपको चंगेज़ खान के जीवन की बातें अच्छी लगी होगी।


आपका कीमती समय देने के लिए धन्यवाद।

Post a comment

0 Comments